Bangladesh News: बांग्लादेश की राजनीति में लंबे समय से चल रही अनिश्चितता का दौर अब खत्म होता नजर आ रहा है। 13वीं राष्ट्रीय संसद के लिए चुने गए नवनिर्वाचित सांसदों ने मंगलवार, 17 फरवरी को शपथ ग्रहण कर लिया। राजधानी ढाका स्थित संसद भवन के साउथ प्लाज़ा में आयोजित इस भव्य समारोह में मुख्य निर्वाचन आयुक्त AMM Nasir Uddin ने सांसदों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। कड़े सुरक्षा इंतज़ामों के बीच हुए इस आयोजन में देश-विदेश से एक हजार से अधिक अतिथि शामिल हुए।
निर्वाचन आयोग के मुताबिक, आम चुनाव में Bangladesh Nationalist Party (बीएनपी) के नेतृत्व वाले गठबंधन ने 297 में से 211 सीटों पर जीत दर्ज कर स्पष्ट बहुमत हासिल किया। यह जीत बीएनपी के लिए ऐतिहासिक मानी जा रही है, क्योंकि पिछले कई वर्षों से पार्टी विपक्ष में थी। दूसरी ओर, दक्षिणपंथी Bangladesh Jamaat-e-Islami गठबंधन को 77 सीटें मिलीं, जबकि कुछ सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवार भी विजयी हुए।
🗳🇧🇩 Bangladesh | Tarique Rahman, chairman of the Bangladesh Nationalist Party (BNP), has been unanimously elected leader of the parliamentary party in the 13th Jatiya Sangsad. https://t.co/9ombJ40qrc pic.twitter.com/XFxLy5LVhF
— Abu Hayat Mahmud (@AbuHayatMahmud7) February 17, 2026
पूर्व प्रधानमंत्री Sheikh Hasina की पार्टी अवामी लीग को इस चुनाव में हिस्सा लेने की अनुमति नहीं दी गई थी। अगस्त 2024 में शेख हसीना सरकार के पतन के बाद देश में अंतरिम व्यवस्था लागू की गई थी। उस समय अंतरिम सरकार की कमान Muhammad Yunus ने संभाली थी। अब नई संसद के गठन के साथ ही अंतरिम दौर समाप्त होने जा रहा है।
संविधान के प्रावधानों के अनुसार, स्पीकर और डिप्टी स्पीकर के पद रिक्त होने की स्थिति में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने सांसदों को शपथ दिलाई। यह कदम संवैधानिक प्रक्रिया के तहत उठाया गया, जिससे सत्ता हस्तांतरण में किसी प्रकार की बाधा न आए।
अब सबकी निगाहें बीएनपी अध्यक्ष Tarique Rahman पर टिकी हैं, जो आज औपचारिक रूप से प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे। खास बात यह है कि उनका शपथ ग्रहण समारोह परंपरागत राष्ट्रपति भवन के बजाय संसद परिसर के साउथ प्लाज़ा में आयोजित किया जाएगा। राष्ट्रपति Mohammed Shahabuddin उन्हें और उनके मंत्रिमंडल को पद की शपथ दिलाएंगे।
बीएनपी ने संसद भवन में संसदीय दल की बैठक बुलाकर अपने नेता के चयन की प्रक्रिया पूरी कर ली है। पार्टी की नीति-निर्धारण समिति के सदस्य सलाहुद्दीन अहमद ने स्पष्ट किया है कि बहुमत दल के नेता के रूप में तारिक रहमान ही सरकार का नेतृत्व करेंगे। यह उनके राजनीतिक जीवन का सबसे बड़ा पड़ाव होगा, क्योंकि वे पहली बार प्रधानमंत्री पद संभालने जा रहे हैं।
करीब तीन दशक बाद बांग्लादेश को पुरुष प्रधानमंत्री मिलने जा रहा है। पिछले 30 वर्षों से देश की राजनीति में महिला नेताओं का वर्चस्व रहा है। ऐसे में यह बदलाव राजनीतिक परिदृश्य में एक नई दिशा का संकेत माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि नई सरकार को आर्थिक स्थिरता, राजनीतिक संतुलन और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को मजबूत करने जैसी कई चुनौतियों का सामना करना होगा।
जनता को उम्मीद है कि नई सरकार विकास, रोजगार और लोकतांत्रिक संस्थाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में ठोस कदम उठाएगी। चुनाव परिणामों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि मतदाताओं ने परिवर्तन के पक्ष में अपना जनादेश दिया है।
अब देखना होगा कि तारिक रहमान के नेतृत्व में नई सरकार बांग्लादेश को किस दिशा में आगे बढ़ाती है और क्या यह सत्ता परिवर्तन देश में स्थिरता और विकास का नया अध्याय लिख पाएगा।

