Ballia SDM पर पालतू कुत्ते का हमला, अंगूठा लगाकर ली छुट्टी

Ballia News
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Ballia news: उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां एक प्रशासनिक अधिकारी अपने ही पालतू कुत्ते के हमले का शिकार हो गए। बैरिया तहसील में तैनात एसडीएम Alok Pratap Singh को उनके ही पालतू कुत्ते ने बुरी तरह घायल कर दिया। कुत्ते के हमले में उनके दोनों हाथ गंभीर रूप से जख्मी हो गए, जिसके कारण वह पेन तक पकड़ने की स्थिति में नहीं रहे। मजबूरी में उन्हें छुट्टी के आवेदन पर हस्ताक्षर करने के बजाय अंगूठे का निशान लगाना पड़ा। इस घटना से जुड़ी तस्वीर अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है।

चाय पीते समय अचानक भड़क गया कुत्ता

यह घटना होली से ठीक एक दिन पहले की बताई जा रही है। 2023 बैच के पीसीएस अधिकारी आलोक प्रताप सिंह के माता-पिता उनसे मिलने बैरिया आए हुए थे। 3 मार्च की सुबह सभी लोग घर के लॉन में बैठकर चाय पी रहे थे और आपस में बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान उनका पालतू कुत्ता अचानक बेचैन हो गया और तेज-तेज भौंकने लगा।

स्थिति को शांत करने के लिए एसडीएम आलोक प्रताप सिंह उसे पकड़कर अंदर ले जाने की कोशिश करने लगे। लेकिन जैसे ही उन्होंने कुत्ते के गले का पट्टा पकड़ना चाहा, कुत्ते ने अचानक हमला कर दिया। उसने उनके एक हाथ को अपने जबड़ों में कसकर पकड़ लिया। जब उन्होंने दूसरे हाथ से खुद को छुड़ाने की कोशिश की, तो कुत्ते ने उस हाथ को भी बुरी तरह काट लिया।

कर्मचारियों ने पानी डालकर बचाई जान

घटना के दौरान वहां मौजूद सुरक्षाकर्मी और कर्मचारी इस अचानक हुए हमले से घबरा गए। कुत्ता इतना आक्रामक हो गया था कि कई प्रयासों के बावजूद वह हाथ छोड़ने को तैयार नहीं था। कुछ देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।

आखिरकार एक कर्मचारी ने सूझबूझ दिखाते हुए कुत्ते पर पानी की बोतल उड़ेल दी। पानी पड़ते ही कुत्ते की पकड़ थोड़ी ढीली हुई और मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत एसडीएम को उसके चंगुल से छुड़ा लिया। इसके बाद उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया।

डॉक्टरों के अनुसार उनके दोनों हाथों में गहरे जख्म और काफी सूजन थी। बेहतर इलाज के लिए उन्हें दिल्ली के किसी बड़े अस्पताल में इलाज कराने की सलाह भी दी गई।

साइन की जगह लगाना पड़ा अंगूठा

हमले के बाद उनके दोनों हाथ इतने ज्यादा घायल हो गए कि वे पेन पकड़ने की स्थिति में भी नहीं थे। 5 मार्च को जब उन्होंने जिलाधिकारी को छुट्टी के लिए आवेदन भेजा, तो हस्ताक्षर करने के बजाय अंगूठे का निशान लगाना पड़ा।

जिलाधिकारी ने उनकी स्थिति को देखते हुए छुट्टी मंजूर कर ली और प्रशासनिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए बांसडीह के एसडीएम Sanjay Kushwaha को बैरिया तहसील का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया।

पहले भी विवादों में रहे अधिकारी

आलोक प्रताप सिंह ने 12 फरवरी 2024 को बलिया में डिप्टी कलेक्टर के रूप में कार्यभार संभाला था और उसके बाद से वे कई बार चर्चा में रहे हैं। हाल ही में जनवरी महीने में एक होमगार्ड ने उन पर कुछ गंभीर आरोप लगाए थे, जिसके बाद उनका नाम सुर्खियों में आ गया था।

हालांकि इस बार मामला पूरी तरह अलग है और यह एक दुर्भाग्यपूर्ण हादसा माना जा रहा है। फिलहाल एसडीएम का इलाज चल रहा है और प्रशासनिक अधिकारी उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।

यह घटना इस बात की भी याद दिलाती है कि पालतू जानवर, चाहे कितने भी प्रशिक्षित क्यों न हों, कभी-कभी अप्रत्याशित रूप से आक्रामक हो सकते हैं। इसलिए उनके साथ सावधानी बरतना बेहद जरूरी होता है।