Hormuz deal: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच India ने उन रिपोर्ट्स को सिरे से खारिज कर दिया है, जिनमें दावा किया जा रहा था कि Iran ने Strait of Hormuz से सुरक्षित मार्ग देने के बदले भारत से तीन जहाज लौटाने की मांग की है।
भारत के विदेश मंत्रालय ने इन खबरों को “पूरी तरह बेबुनियाद” बताते हुए साफ किया है कि इस तरह की कोई बातचीत दोनों देशों के बीच नहीं हुई है।
MEA का स्पष्ट बयान
Ministry of External Affairs (MEA) के प्रवक्ता Randhir Jaiswal ने प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि मीडिया में चल रही ऐसी खबरों का कोई आधार नहीं है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन जहाजों की बात की जा रही है, वे न तो Iran के हैं और न ही उनमें ईरानी कर्मचारी मौजूद हैं।
इस बयान के बाद यह साफ हो गया है कि भारत और ईरान के बीच किसी तरह की “डील” या जहाजों की अदला-बदली को लेकर कोई औपचारिक बातचीत नहीं हुई है।
भारत का फोकस: नागरिकों की सुरक्षा
India ने इस पूरे मुद्दे पर अपनी प्राथमिकता भी स्पष्ट कर दी है। सरकार का कहना है कि उसका मुख्य ध्यान इस समय Strait of Hormuz क्षेत्र में फंसे भारतीय नागरिकों और जहाजों की सुरक्षित वापसी पर है।
इसके लिए भारत लगातार Iran और अन्य संबंधित देशों के संपर्क में है और कूटनीतिक स्तर पर बातचीत जारी रखे हुए है।
कूटनीति से समाधान की वकालत
मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष को लेकर भारत ने एक बार फिर अपना रुख स्पष्ट किया है कि वह किसी भी प्रकार के सैन्य टकराव के बजाय कूटनीतिक समाधान का समर्थक है।
S. Jaishankar और Ministry of External Affairs ने सभी पक्षों से संयम बरतने और स्थिति को और बिगड़ने से रोकने की अपील की है।
भारत का मानना है कि बातचीत और सहयोग के जरिए ही इस तरह के संवेदनशील मुद्दों का समाधान निकाला जा सकता है।
BRICS और वैश्विक कूटनीति की चुनौती
भारत ने यह भी बताया कि वह इस समय BRICS की अध्यक्षता कर रहा है। हालांकि, इस संघर्ष में कई सदस्य देशों के शामिल होने के कारण सभी के बीच सहमति बनाना आसान नहीं है।
इसके बावजूद भारत सभी पक्षों से संवाद बनाए रखने की कोशिश कर रहा है, ताकि क्षेत्र में स्थिरता लाई जा सके।
संयुक्त राष्ट्र सुधार पर जोर
India ने इस मौके पर United Nations में सुधार की जरूरत पर भी जोर दिया।
भारत का कहना है कि वैश्विक शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त राष्ट्र को और अधिक प्रभावी और प्रतिनिधित्वपूर्ण बनाना जरूरी है।
भारतीय नागरिकों की मौत पर चिंता
इसी बीच, Oman और Iraq में हुई घटनाओं में कुछ भारतीय नागरिकों की मौत की खबर सामने आई है।
सरकार ने कहा कि वह स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है और मृतकों के शव भारत लाने की प्रक्रिया जारी है।
स्थिति पर लगातार नजर
मिडिल ईस्ट में तेजी से बदलते हालात को देखते हुए India सरकार स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
सरकार का उद्देश्य एक ओर अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, वहीं दूसरी ओर क्षेत्रीय शांति बनाए रखने के लिए कूटनीतिक प्रयासों को जारी रखना है।

