Indian Near Surface Geophysics Conference दिल्ली में तीसरा भारतीय नियर सरफेस जियफिजिक्स सम्मेलन, विशेषज्ञों को विशिष्ट अवॉर्ड से सम्मानित किया गया

Indian Near Surface Geophysics Conference नई दिल्ली। एएफ एकेडमी और यूरोपियन एसोसिएशन ऑफ जियोसाइंटिस्ट एंड इंजीनियर्स (ईएजीई) ने 13-14 नवंबर को नई दिल्ली के होटल द सूर्या में तीसरा “भारतीय नियर सरफेस जियोफिजिक्स” सम्मेलन आयोजित किया। मौजूदा समय में भारत सहित दुनिया भर में, विभिन्न इंजीनियरिंग, पर्यावरण, खनन, भूजल, पुरातात्विक और फोरेंसिक एप्लीकेशंस के लिए “नियर सरफेस जियोफिजिक्स” का व्यापक रूप से इस्तेमाल किया जा रहा है।

सम्मेलन में विशेषज्ञों ने “जियोफिजिकल इन्वेस्टीगेशंस में प्रगति, जियो-टेक्निकल उपकरण, बांधों के लिए मरम्मत एवं रिहैबिलेशन टेक्नोलॉजी” और “दूषित स्थलों के सब-सरफेस कैरेक्टराइजेशन हेतु जियोफिजिक्स” जैसे विशिष्ट विषयों पर दो कार्यशालाएं भी प्रस्तुत कीं।

इस दौरान व्यक्तिगत और संगठनात्मक श्रेणी में ‘ग्लोबल नियर सरफेस जियफिजिक्स अवॉर्ड’ और ‘डैम सेफ्टी अवॉर्ड’ भी प्रदान किए गए। प्रसिद्ध भूभौतिकीविद् डॉ. ए. एन. भौमिक को लाइफटाइम अचीवमेंट पुरस्कार (ग्राउंडवाटर जियोफिजिक्स) से सम्मानित किया गया। इंजीनियर डी. के. शर्मा को बांध सुरक्षा में नेशनल ऑनर फॉर ग्लोबल लीडरशिप से सम्मानित किया गया। इंजीनियर विवेक कपाड़िया को बांध सुरक्षा के क्षेत्र में लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।

सम्मेलन को विभिन्न प्रतिष्ठित हस्तियों ने संबोधित किया, जिनमें ईएजीई होल्डिंग बीवी के एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर मार्सेल वैन लून, परमाणु खनिज निदेशालय के पूर्व एडिशनल डायरेक्टर डॉ. ए. के. चतुर्वेदी, केंद्रीय मृदा एवं सामग्री अनुसंधान केंद्र (सीएसएमआरएस) की निदेशक, डॉ. आर. चित्रा, खनिज अन्वेषण निगम लिमिटेड के पूर्व अध्यक्ष एवं डीडीएजी के संस्थापक एवं अध्यक्ष, डॉ. गोपाल धवन, सीएसआईआर-पूर्वोत्तर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संस्थान के निदेशक एवं जे.सी. बोस राष्ट्रीय फेलो, डॉ. वी. एम. तिवारी, आईसीओएलडी के अध्यक्ष, इंजी. डी. के. शर्मा और एएफ एकेडमी के चेयरमैन, डॉ. संजय राणा प्रमुख वक्ता रहे।

सम्मेलन का मकसद विभिन्न स्टेकहोल्डर्स को एक मंच पर लाना, अनुभवों को साझा करना और विभिन्न एप्लीकेशंस में जियोफिजिक्स के उपयोग को बढ़ाने के तरीकों और साधनों पर विचार-विमर्श करना था। यह सम्मेलन एक प्रदर्शनी के साथ आयोजित किया गया। जियोफिजिक्स के क्षेत्र में नई तकनीक और उत्पाद उभरे हैं और इस प्रदर्शनी ने तकनीकों और उत्पादों के प्रदर्शन के लिए एक मंच प्रदान किया।

आयोजकों ने बताया कि सम्मेलन के दौरान टेक्निकल कमेटी को 9 देशों से सम्मेलन के विभिन्न विषयों पर आधारित साइंटिफिक पेपर्स सारांश प्राप्त हुए। इनमें से 44 पूर्ण पत्रों को सम्मेलन के विचार-विमर्श में शामिल करने के लिए आमंत्रित किया गया है।