Women’s T20 World Cup 2026: भारत के महिला टी20 वर्ल्ड कप अभियान को एक झटका लगा है; ऑफ-स्पिनर श्रेयांका पाटिल (Shreyanka Patil) टखने के लिगामेंट में चोट के कारण टूर्नामेंट के बाकी मैचों से बाहर हो गई हैं। नीदरलैंड्स (Netherlands) के खिलाफ ग्रुप-स्टेज मैच के दौरान लगी यह चोट काफी गंभीर लग रही थी। घटना के तुरंत बाद उनका स्कैन किया गया था, लेकिन अब वह इस बड़े टूर्नामेंट से पूरी तरह बाहर हो गई हैं।
हेडिंग्ले में 22 साल की खिलाड़ी को सिर्फ एक गेंद फेंकने के बाद मैदान छोड़ना पड़ा। एक रन रोकने की कोशिश में श्रेयंका मुड़कर थ्रो करने की कोशिश करते समय अपना दाहिना टखना अजीब तरह से मोड़ बैठीं। वह तुरंत दर्द से कराहते हुए गिर पड़ीं और चोटिल पैर पर जरा भी वजन नहीं डाल पा रही थीं। मेडिकल स्टाफ तुरंत मैदान पर पहुंचा और उन्हें स्ट्रेचर पर ले जाकर स्कैन के लिए भेजा गया।
इवेंट टेक्निकल कमिटी ने गुरुवार रात भारत की रिप्लेसमेंट की अपील को मंजूरी दे दी, जिसके बाद टूर्नामेंट के बाकी मैचों के लिए अनकैप्ड लेग-स्पिनर प्रेमा रावत को टीम में शामिल किया गया।
🚨 BIG BLOW FOR INDIA! 🇮🇳💔
⚡️ Shreyanka Patil has been RULED OUT of the Women’s T20 World Cup 2026 due to an ankle injury.
🔄 Uncapped leg-spinner Prema Rawat has been drafted into the squad as her replacement. pic.twitter.com/Y7EKECAzi5
— CricInformer (@CricInformer) June 19, 2026
Women’s T20 World Cup 2026: श्रेयंका की जगह लेने वाली भारत की खिलाड़ी प्रेमा रावत कौन हैं?
हालांकि प्रेमा रावत ने अभी तक इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू नहीं किया है, लेकिन वह घरेलू सर्किट की सबसे होनहार युवा स्पिनरों में से एक हैं। श्रेयंका की जगह लेने के लिए भारत के पास कुछ और नाम भी थे, लेकिन मैनेजमेंट ने प्रेमा को चुना, जिससे उन्हें बहुत अच्छा अनुभव मिलेगा।
24 साल की प्रेमा घरेलू क्रिकेट में उत्तराखंड और सेंट्रल जोन की ओर से खेलती हैं और पिछले दो सीजन में उनका प्रदर्शन शानदार रहा है। दिलचस्प बात यह है कि क्रिकेट पर पूरी तरह ध्यान लगाने से पहले रावत हॉकी खेलती थीं।
उन्हें सबसे बड़ा मौका विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) में मिला। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने 2025 सीजन से पहले उन्हें 1.2 करोड़ रुपये में साइन किया और डब्ल्यूपीएल 2026 के लिए ‘राइट टू मैच’ कार्ड के जरिए उन्हें टीम में बनाए रखा। इस साल की शुरुआत में आरसीबी के खिताब जीतने वाले अभियान में उन्होंने अहम भूमिका निभाई थी।
आरसीबी के हेड कोच मलोलन रंगराजन ने तो उन्हें “जॉर्जिया वेयरहैम का भारतीय वर्जन” तक कहा है, क्योंकि उनके पास ऑल-राउंड स्किल्स हैं और वे लेग-ब्रेक बॉलिंग करती हैं।
रावत पहले से ही इंडिया A टीम के साथ इंग्लैंड में थीं और लगातार अच्छा प्रदर्शन करके उन्होंने सेलेक्टर्स को प्रभावित किया था। इस साल की शुरुआत में इंडिया A के लिए खेलते हुए उन्होंने विमेंस एशिया कप राइजिंग स्टार्स टूर्नामेंट में 9.62 की औसत से आठ विकेट लिए थे।
वहीं, पिछले साल जब इंडिया A ने मैके में ऑस्ट्रेलिया का दौरा किया था, तब रावत ने टी20 मैचों में भी सात विकेट लिए थे। यानी, वे नैचुरली विकेट लेने वाली खिलाड़ी हैं। हो सकता है कि वे प्लेइंग XI में सीधे श्रेयांका की जगह न लें, क्योंकि भारत के पास उस रोल के लिए राधा यादव मौजूद हैं।

