नई दिल्ली | दिल्ली-एनसीआर में एक बार फिर मौसम करवट लेने वाला है। बीते कुछ दिनों से चल रही तेज धूप और उमस के बीच अब बारिश और आंधी का दौर शुरू होने जा रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने रविवार शाम से लेकर मंगलवार तक दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुड़गांव और आसपास के क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह बदलाव अरब सागर में उठे चक्रवात ‘शक्ति’ और पूर्वी भारत में बने निम्न दबाव के क्षेत्र के कारण हो रहा है। इस दौरान दिल्ली में तापमान 3–4 डिग्री तक नीचे गिर सकता है और हवा की रफ्तार 40–50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है।
आज शाम से बदलेगा मिज़ाज, कल मचेगा बारिश का गदर
रविवार सुबह तक दिल्ली में धूप खिली रही और हवा की रफ्तार लगभग 10 किमी प्रति घंटा दर्ज की गई। लेकिन मौसम विभाग के अनुसार शाम होते-होते बादल घिरने लगेंगे और देर रात तेज आंधी के साथ बारिश शुरू हो सकती है।
IMD ने 6 अक्टूबर (सोमवार) को येलो अलर्ट जारी किया है और चेतावनी दी है कि सोमवार को दिनभर कई इलाकों में भारी बारिश होगी।
“दिल्ली-एनसीआर में सोमवार और मंगलवार को मौसम में भारी बदलाव देखने को मिलेगा। कई क्षेत्रों में बिजली चमकने और गरज के साथ बारिश की संभावना है,” — IMD वरिष्ठ वैज्ञानिक आर.के. जेन ने बताया।
बारिश के दौरान निचले इलाकों में जलभराव की समस्या बढ़ सकती है और सुबह-शाम के समय ट्रैफिक पर असर पड़ने की संभावना है। नगर निगम और PWD ने जलभराव से निपटने के लिए पहले से तैयारियां तेज कर दी हैं।
तीन दिन तक झमाझम बारिश, फिर बढ़ेगी ठंडक
मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि 5 से 7 अक्टूबर तक बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। इसके बाद 8 से 10 अक्टूबर के बीच आसमान में बादल छाए रहेंगे और तापमान में लगातार गिरावट आएगी।
अधिकतम तापमान 30–31°C और न्यूनतम तापमान 22–23°C तक पहुंच सकता है।
स्काईमेट वेदर के उपाध्यक्ष डॉ. महेश पलावत का कहना है:
“अरब सागर में चक्रवात ‘शक्ति’ का सीधा असर दिल्ली पर नहीं पड़ेगा, लेकिन इसके चलते हवा में नमी और दबाव परिवर्तन के कारण उत्तर भारत में बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी। इससे मौसम में ठंडक लौटेगी।”
इस बारिश के बाद दिल्ली में हल्की सर्दी की शुरुआत होने की उम्मीद है। अक्टूबर के दूसरे सप्ताह से सुबह और रात के तापमान में गिरावट देखी जा सकती है।
AQI में मामूली सुधार, लेकिन हवा में नमी बढ़ेगी
रविवार को दिल्ली-एनसीआर की वायु गुणवत्ता ‘मध्यम’ श्रेणी में दर्ज की गई —
| शहर | अधिकतम/न्यूनतम तापमान (°C) | AQI |
|---|---|---|
| दिल्ली | 32 / 24 | 159 |
| नोएडा | 34 / 26 | 157 |
| गाजियाबाद | 34 / 23 | 123 |
| गुड़गांव | 33 / 27 | 153 |
| ग्रेटर नोएडा | 33 / 24 | 168 |
बारिश से वायु गुणवत्ता में अस्थायी सुधार होगा, क्योंकि धूल के कण नीचे बैठ जाएंगे। हालांकि, बढ़ी हुई नमी और कम हवा चलने के कारण अगले सप्ताह फिर से AQI में गिरावट संभव है।
मौसम बिगड़ने के पीछे दो बड़े कारण
IMD के वैज्ञानिकों ने बताया कि दिल्ली समेत उत्तर भारत में मौसम बदलने के दो प्रमुख कारण हैं —
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चक्रवात ‘शक्ति’ (Cyclone Shakti):
अरब सागर में बना यह सीजन का पहला चक्रवात अब भारत के तट से दूर जाकर ओमान की ओर बढ़ रहा है। हालांकि इसका सीधा खतरा भारत को नहीं है, लेकिन इससे उत्पन्न हवाएं और नमी पश्चिम व उत्तर भारत के मौसम को प्रभावित कर रही हैं। -
गहरा निम्न दबाव क्षेत्र (Low Pressure Zone):
ओडिशा और छत्तीसगढ़ के ऊपर बना यह सिस्टम बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ रहा है। इसके चलते उत्तर भारत में व्यापक बारिश का दौर शुरू हो गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इन दोनों सिस्टम के सक्रिय रहने से 8 अक्टूबर तक बारिश और आंधी-तूफान की स्थिति बनी रह सकती है।
उत्तर भारत के अन्य राज्यों में भी मौसम का कहर
दिल्ली-एनसीआर के साथ-साथ पूरे उत्तर भारत में इस समय मौसम की स्थिति गंभीर बनी हुई है —
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रांची (झारखंड): मौसम विभाग ने 10 अक्टूबर तक बारिश से राहत नहीं मिलने की चेतावनी दी है। पिछले चार दिनों में रांची में 31.8 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से दोगुनी है।
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बिहार: दो दिनों में भारी बारिश और बिजली गिरने से 9 लोगों की मौत हुई। कई जिलों में रेड अलर्ट जारी है।
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हिमाचल प्रदेश: आज येलो और सोमवार को ऑरेंज अलर्ट। कुछ ऊंचे इलाकों में बर्फबारी और ओलावृष्टि की संभावना।
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गुजरात और महाराष्ट्र: चक्रवात ‘शक्ति’ के कारण तटीय इलाकों में तेज हवाएं और भारी बारिश।
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पश्चिम बंगाल: दार्जिलिंग, कूचबिहार, जलपाईगुड़ी जैसे जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी।
कई राज्यों में NDRF और SDRF की टीमें अलर्ट पर रखी गई हैं। महाराष्ट्र, गुजरात और झारखंड में प्रशासन ने आपातकालीन सेवाओं को तैयार रहने के निर्देश दिए हैं।
समुद्र में मचा तूफान, तटीय राज्यों में सतर्कता
अरब सागर में उठा चक्रवात शक्ति अब एक “गंभीर चक्रवाती तूफान” (Severe Cyclonic Storm) में तब्दील हो चुका है।
इसमें हवा की रफ्तार 100–110 किमी प्रति घंटे तक पहुंच रही है। हालांकि, इसका भारत के पश्चिमी तट पर सीधा प्रभाव नहीं पड़ेगा।
फिर भी गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा और दमन-दीव के तटीय इलाकों में भारी बारिश और ऊंची लहरें उठने की संभावना है।
IMD ने मछुआरों को अगले 5 दिनों तक समुद्र में न जाने की सलाह दी है।
महाराष्ट्र और गुजरात प्रशासन ने एहतियात के तौर पर NDRF की 12 टीमें तटीय जिलों में तैनात की हैं।
दिल्ली प्रशासन ने भी की तैयारी तेज
दिल्ली सरकार ने सभी जिलों में नियंत्रण कक्ष सक्रिय कर दिए हैं।
PWD और MCD को संवेदनशील क्षेत्रों में पंप सेट और राहत दल तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं।
DMRC ने भी अलर्ट जारी किया है कि तेज हवाओं के दौरान मेट्रो संचालन में सावधानी बरती जाएगी।
इसके अलावा, दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे भारी बारिश के दौरान
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अनावश्यक यात्रा से बचें
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पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे न रुकें
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जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखें
आने वाले दिनों का पूर्वानुमान (IMD Forecast)
| तारीख | मौसम की स्थिति | संभावित असर |
|---|---|---|
| 5 अक्टूबर (रविवार) | शाम से बादल और आंधी | हल्की बौछारें |
| 6 अक्टूबर (सोमवार) | भारी बारिश, तेज हवाएं | येलो अलर्ट |
| 7 अक्टूबर (मंगलवार) | बारिश जारी | सड़क जाम और जलभराव |
| 8–9 अक्टूबर | बादल और हल्की ठंडक | आंशिक सुधार |
| 10 अक्टूबर के बाद | मौसम सामान्य | हल्की सर्दी की शुरुआत |
निष्कर्ष: अक्टूबर की बारिश से लौटेगी सर्दी की दस्तक
इस साल मानसून की वापसी में देरी के कारण अक्टूबर की शुरुआत में ही बारिश का एक और दौर देखने को मिल रहा है।
यह बारिश न केवल तापमान घटाएगी बल्कि प्रदूषण को भी अस्थायी राहत देगी।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि यह उत्तर भारत में सर्दी की शुरुआती दस्तक है।
“6 और 7 अक्टूबर की बारिश के बाद दिल्ली में सुबह-शाम हल्की ठंडक महसूस होगी। आने वाले हफ्तों में मौसम सुखद बने रहने की संभावना है,” — डॉ. महेश पलावत, स्काईमेट वेदर।

