पावेल ड्यूरोव: IVF खर्च उठाकर बच्चों के पिता बनने की पेशकश

Pavel Durov
Pavel Durov

रूसी अरबपति और टेलीग्राम के संस्थापक पावेल ड्यूरोव (Pavel Durov) ने एक बार फिर दुनिया का ध्यान खींचा है। 41 वर्षीय ड्यूरोव ने कहा है कि वह 37 साल से कम उम्र की महिलाओं के लिए IVF (इन विट्रो फर्टिलाइजेशन) का पूरा खर्च उठाने को तैयार हैं, यदि वे गर्भधारण के लिए उनके स्पर्म का उपयोग करना चाहती हैं। न्यूयॉर्क पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, ड्यूरोव अब तक 100 से अधिक बच्चों के जैविक पिता बन चुके हैं। इसके अलावा, उनके तीन रिश्तों से छह बच्चे हैं।

ड्यूरोव ने सार्वजनिक रूप से घोषणा की है कि उनके सभी जैविक बच्चों को उनकी संपत्ति में बराबर का हिस्सा मिलेगा, चाहे उनका जन्म किसी भी तरीके से हुआ हो। उनका मानना है कि स्पर्म डोनेशन आज एक सामाजिक जिम्मेदारी बन गया है, क्योंकि पुरुषों की फर्टिलिटी वैश्विक स्तर पर लगातार घट रही है। ड्यूरोव के अनुसार, इसका मुख्य कारण पर्यावरणीय संकट, प्रदूषण और प्लास्टिक का बढ़ता इस्तेमाल है।


IVF ऑफर और पात्रता

रिपोर्ट के मुताबिक, ड्यूरोव का स्पर्म मॉस्को स्थित एक फर्टिलिटी क्लिनिक में सुरक्षित रखा गया है। यह विशेष रूप से 37 साल से कम उम्र की अविवाहित महिलाओं के लिए उपलब्ध है। इस तरह के नियम कानूनी विवाद से बचाव के लिए बनाए गए हैं। हालांकि, ड्यूरोव अब खुद सीधे स्पर्म डोनेट नहीं करते, लेकिन क्लिनिक ने उनके जेनेटिक प्रोफाइल को हाई-क्वालिटी और अनुकूल बताया है।

उन्होंने यह भी कहा कि IVF से जुड़ी सभी प्रक्रियाओं का खर्च वह स्वयं उठाएंगे। इसका उद्देश्य उन परिवारों की मदद करना है, जिन्हें बच्चे पैदा करने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।


स्पर्म डोनेशन की शुरुआत

ड्यूरोव ने बताया कि उन्होंने पहली बार 2010 में स्पर्म डोनेट किया था, जब उनके एक मित्र को संतान प्राप्ति में मुश्किल आ रही थी। इसके बाद फर्टिलिटी एक्सपर्ट्स ने उन्हें लगातार डोनेशन के लिए प्रेरित किया। जुलाई 2024 में टेलीग्राम पर किए गए एक पोस्ट में ड्यूरोव ने कहा कि उनका स्पर्म अब भी उपलब्ध है और इससे 12 देशों में परिवारों को बच्चे हुए हैं


भविष्य की योजना: DNA “ओपन-सोर्स”

ड्यूरोव ने यह भी साझा किया कि भविष्य में वे अपने DNA को “ओपन-सोर्स” करना चाहते हैं। इसका मकसद है कि उनके जैविक बच्चे चाहें तो एक-दूसरे से संपर्क कर सकें। फ्रांस की पत्रिका Le Point को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा,

“मैं अपने बच्चों में कोई फर्क नहीं करता। एक जैसे जीन होने का मतलब है कि सभी को संपत्ति में बराबर अधिकार मिलेगा।”

ड्यूरोव का यह कदम तकनीक, परिवार और सामाजिक जिम्मेदारी के बीच नए दृष्टिकोण को सामने लाता है। उनका दावा है कि उच्च गुणवत्ता वाले डोनर स्पर्म की कमी को पूरा करना और भविष्य की पीढ़ियों के लिए विकल्प बढ़ाना उनकी प्राथमिकता है।